नरेंद्र मोदी ने गुजरात का मुख्यमंत्री रहते हुए एक नई बुनियाद तैयार की थी। जिसे उदाहरण के तौर पर उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री आदित्यनाथ इस्तेमाल कर सकते हैं। मुख्यमंत्री को ये सवाल पूछने का हक नहीं है कि सड़क पर नमाज नहीं रोक सकते, तो थाने में जन्माष्टमी मनाने से कैसे रोकें। मुझे लगता है कि थाने में जन्माष्टमी और होली, दीपावली, ईद, गुरुपरब तो धूमधाम, हर्षोल्लास से मनाया ही जाना चाहिए। लेकिन, सड़क पर होने वाली नमाज हो या फिर सड़क के बीच में अवैध रूप से बना मन्दिर या कोई मजार, वो हटना ही चाहिए।