भारतीय जनता के राष्ट्रीय अध्यक्ष अमित शाह की सम्पत्ति की खबर मीडिया ने क्यों छिपाई? छिपाई, तो किसने दबाव डाला। दबाव किसी ने डाला भी या फिर कुछ पत्रकार जो सरकार के पलक झपकने से भी इशारा लेते हैं, उन्होंने स्वत:स्फूर्त ये कारनामा कर डाला। दबाव डाला गया, तो जिसने भी ये सलाह दी, वो अमित शाह का शुभचिन्तक तो कतई न रहा होगा। लेकिन, एक और मोदी-शाह का द्वेषी मीडिया भी है, जिसे किसी भी तरह से मोदी-शाह के खिलाफ मिला हर मसाला अच्छी खबर की बुनियाद दिखता है। इस घटना से मीडिया की साख पर क्या असर पड़ा बता रहे हैं वरिष्ठ पत्रकार हर्षवर्धन त्रिपाठी