ममता बनर्जी को पश्चिम बंगाल की जनता लगातार जनादेश दे रही है। लोकतंत्र में सबसे ज्यादा महत्व भी इसी बात का है। लेकिन, जनादेश पाने के बाद सत्ता चलाने वाले नेता का व्यवहार भी लोकतंत्र में अत महत्वपूर्ण होता है। क्योंकि, वही आगे की जमीन तैयार करता है। ममता बनर्जी के विसर्जन पर मुहर्रम के समय रोक के फैसले को बंगाल उच्च न्यायालय ने पलट दिया। कमाल ये है कि ममता की मुस्लिम तुष्टीकरण की राजनीति मुसलमानों का भी भला नहीं कर रही है।

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